Tuesday, 11 January 2022

सही शिखाया तो बच गए गल

 आज का विषय 

एक बार जरुर पढ़े लें


*सही शिखाया तो बच गए गलत शिखाया तो फस गए*


👉 अपने आपको परमेश्वर का ग्रहणयोग्य और ऐसा काम करनेवाला ठहराने का प्रयत्न कर, जो लज्जित होने न पाए, *और जो सत्य के वचन को ठीक रीति से काम में लाता हो*।

(2 तीमुथियुस 2:15)


👉 सम्पूर्ण पवित्रशास्त्र परमेश्वर की प्रेरणा से रचा गया है और उपदेश, और समझाने, और सुधारने, और धार्मिकता की शिक्षा के लिये लाभदायक है,

(2 तीमुथियुस 3:16)


*बाइबल को पढ़ते वक्त में बहुत सतर्क रहना होगा*


 *क्यों ?????*


✍️ *इतने सारे क्यों जानबूझकर इसलिए डाले हैं आपको जिंदगी भर पूछते रहना है* 


👉 *क्यों क्यों क्यों क्यों?*


👉क्या लिखा है, तू कैसे पढ़ता है ?”

(लूका 10:26)


✍️बाइबल पढ़ते वक्त में यह आपके जहन (दिमाग) में होना चाहिए तो कैसे पड़ता है!


👉यहा पर अपना नाम डालिए.........


👉खुद से पूछना है!


👉क्या लिखा और ........तू कैसे पढ़ता है!


👉और जितने प्रभु के दास दासी क्या लिखा है और तू कैसे पढ़ता है!


👉और सतर्क (सावधान)रहना है!


 *पता है क्यों*


*ध्यान से सूने*:-


✍️ *क्योंकि जैसा पढ़ेंगे!*


👉वैसा शिखाएंगे!


✍️ *जैसे समझेंगे!*


👉वैसे समझाएंगे!


✍️ *जैसे खुद को लेगे!*


👉वैसे दूसरों को देगे!


*सूने*:-


✍️ *अगर सही लें लिया!*


👉तो सही दे देंगे!


✍️ *सही समझ लिया!*


👉तो सही समझा देंगे!


✍️ *सही तरीके से पढ़ लिया!*

👉तो सही तरीके से पढ़ा देगे!


👉 *अगर गलत कर दिया तो?* 


👉 *फिर तो सोचिए क्या बेड़ा गर्क हो जाएगा!*


*सोचे......*


*ध्यान से सूने*:-


👉 और उससे कहा, “मैं यह सब अधिकार, और इनका वैभव तुझे दूँगा, क्योंकि वह मुझे सौंपा गया है, और जिसे चाहता हूँ, उसे दे सकता हूँ। इसलिए, यदि तू मुझे प्रणाम करे, तो यह सब तेरा हो जाएगा।” यीशु ने उसे उत्तर दिया, “लिखा है: ‘तू प्रभु अपने परमेश्वर को प्रणाम कर; और केवल उसी की उपासना कर।’” 


👉तब उसने उसे यरूशलेम में ले जाकर मन्दिर के कंगूरे पर खड़ा किया, और उससे कहा, “यदि तू परमेश्वर का पुत्र है, तो अपने आपको यहाँ से नीचे गिरा दे। क्योंकि लिखा है, ‘वह तेरे विषय में अपने स्वर्गदूतों को आज्ञा देगा, कि वे तेरी रक्षा करें’

 (लूका 4:6-10)


👉 और ‘वे तुझे हाथों हाथ उठा लेंगे ऐसा न हो कि तेरे पाँव में पत्थर से ठेस लगे।’”   


👉यीशु ने उसको उत्तर दिया, “यह भी कहा गया है: ‘तू प्रभु अपने परमेश्वर की परीक्षा न करना।’” 

(लूका 4:11-12)


✍️ आज भी कुछ कहते हैं लिखा है !


*उदाहरण*:-


✍️पौलुश ने तीमुथियुस का :-


👉भविष्य में केवल जल ही का पीनेवाला न रह, *पर अपने पेट के और अपने बार बार बीमार होने के कारण थोड़ा-थोड़ा दाखरस भी काम मे लाया कर।*

(1तीमुथियुस 5:23)


✍️ *कुछ कहते शराब पीनी चाहिए!*


*सूने*:- 


👉बाईबल को ध्यान से पढ़ना चाहिए!


👉हमें बाईबल की जानकारी उत्पत्ति से प्रकाशितवाक्य तक होनी चाहिए!


👉कुछ कहते लिखा है!


👉ठीक है लिखा है :- पर ये भी देखना है कियू लिखा है !


*सूने*:-


✍️ यीशु ने कहा है ...


👉 *इसलिए जो कोई इन छोटी से छोटी आज्ञाओं में से किसी एक को तोड़े, और वैसा ही लोगों को सिखाए, वह स्वर्ग के राज्य में सबसे छोटा कहलाएगा;* परन्तु जो कोई उनका पालन करेगा और उन्हें सिखाएगा, वही स्वर्ग के राज्य में महान कहलाएगा।

(मत्ती 5:19)


👉 *मैं हर एक को, जो इस पुस्तक की भविष्यद्वाणी की बातें सुनता है, गवाही देता हूँ: यदि कोई मनुष्य इन बातों में कुछ बढ़ाए तो परमेश्वर उन विपत्तियों को जो इस पुस्तक में लिखी हैं, उस पर बढ़ाएगा। और यदि कोई इस भविष्यद्वाणी की पुस्तक की बातों में से कुछ निकाल डाले,* तो परमेश्वर उस जीवन के पेड़ और पवित्र नगर में से, जिसका वर्णन इस पुस्तक में है, उसका भाग निकाल देगा।

(प्रकाशितवाक्य 22:18-19)


✍️ *इसलिए हम प्रचारकों को सावधान रहना होगा!*


👉सही सिखाया तो बच गए गलत सिखाया तो फस गए!


👉 *हे मेरे भाइयों, तुम में से बहुत उपदेशक न बनें, क्योंकि तुम जानते हो,* कि हम उपदेशकों का और भी सख्‍ती से न्याय किया जाएगा। इसलिए कि हम सब बहुत बार चूक जाते हैं जो कोई वचन में नहीं चूकता, वही तो सिद्ध मनुष्य है; और सारी देह पर भी लगाम लगा सकता है।

(याकूब 3:1-2)


✍️ प्रचारक सब से ज्यादा दोषी ठहरेंगे!,


👉कियोकि हम कोई बातों को ठीक से सिखाते नही!


👉 अपने आपको परमेश्वर का ग्रहणयोग्य और ऐसा काम करनेवाला ठहराने का प्रयत्न कर, जो लज्जित होने न पाए, *और जो सत्य के वचन को ठीक रीति से काम में लाता हो।*

((2 तीमुथियुस 2:15)


*God bless you*

तीन character Joseph, Daniel, David

 आज का विषय

एक बार जरुर पढ़े


*तीन character Joseph, Daniel, David*


✍️आज बात करेंगे तीन character के बारे में आपने चित्र पर देख ही लिया होगा!


⭐ *Joseph का character*


✍️Joseph (यूसुफ) सुअर नहीं था!


👉यूसुफ मरियम का पत्ति नहीं याकूब का बेटा यूसुफ जो मिस्र गया था!


👉आप जाने है जब यूसुफ को पाप करने का मौका मिला!


👉वो पोतीपर की पत्नी के साथ के साथ में गलत काम कर सकता था, पाप कर सकता था!


👉पाप में जी सकता था, किसी को पता भी नहीं चलता!


👉कोई तकलीफ़ नहीं होती थी!

👉लेकिन इस ने उसका चूनाव नहीं किया!


👉आप जानते हैं इसने क्या ?


👉किया ये वहां से भागा!

(ये वहां से दौड़ा)

(ये वहां से हट गया)


*पता है क्यों ?*


✍️क्योंकि इस को सुअर की जिन्दगी नहीं जीनी थी!


*अब बात करेंगे...


⭐ *Daniel का character*


✍️ये व्यक्ति तो गजब था!


👉जब इस व्यक्ति की उम्र 16,17,18 की होगी ,जब इसको कैद करके लिया था!


👉वो नबूकदनेस्सर राजा जिस ने मेरे माता-पिता को मार दिया!


👉मेरे शहर को तबाह कर  दिया!

👉मेरे परमेश्वर के मंदिर को तोड़ दिया ,उस को तहस-नहस कर दिया!


*सूने*:-

👉इस को गुस्सा आ सकता था ,परमेश्वर के प्रति!


👉इस को नफरत हो सकती थी ,राजा के प्रति!


👉बदले की भावना आ सकती थी आंतकवादी की जिंदगी जी सकता था!


*लेकिन उसके बावजूद भी*


*सूने*:-

✍️इस ने चूनाव किया परमेश्वर के साथ पवित्र जीवन जीना का!


👉ये वहां का खाना खा कर अशुद्ध हो सकता था!


👉ये वहां का दारु पी कर अशुद्ध हो सकता था!


*सूने*:-


👉वहां की  luxury life जी सकता था!


👉लेकिन इस को किचड़ में रहना पसंद नहीं आया!


👉ये वहां से बाहर निकला!


*कियोकि ये सुअर नहीं था!*


⭐ *David का character*


✍️अब बात करेंगे दाऊद की! 


👉आप जानते हैं ये व्यक्ति क्या था!

👉ये वो व्यक्ति था जो आपने भाईयों में सब से पीछे था! (आख़री में)


👉जिसका बाप था यिशै और यिशै इसको बिल्कुल पसंद नहीं करता था!


👉जब शमूऐल ने पूछा तेरे और बच्चे कहा है, यिशै ने कहा है एक जंगल में पड़ा है!

(ये उसका टोन था समझे)


*सूने*:-

✍️जिसको कोई नहीं पसंद करता था !

👉पता है इस को परमेश्वर ने पसंद करके नाम किया दिया ?

👉ये वो लड़का है जो मेरे दिल का है!

(ऐसा नाम दिया इसको)


*सूने*:-

👉भजनों की किताबें इस ने लिखी!

👉गोलियत को इस ने मरा!

👉कम से कम 30 साल की उम्र में कई सालों तक राज्य क्या!

👉 अच्छे-अच्छे योद्धाओं को मारा इस ने!

👉साऊल के बाद नंबर वन राजा बना!


*पर क्या आप जानते हैं जब इसे किचड़ से बाहर निकलने का मौका मिला इस ने क्या किया ?*


✍️इस व्यक्ति ने जाना था योद्धा में ये नहीं गया ये आराम से पलंग में सो रहा था!

👉जब ये उठा टहलते-टहलते छत पर पहोंचा!

👉किसी दूसरे की पत्नी को नहाते हुए देखा और उसे बुलवा लिया!

👉और कहा मुझे तेरे साथ वो सब करना है जो तेरा पति तेरे साथ करता है!

👉और वो दूसरे की पत्नी उसके साथ सहमत होती है वो सब काम करती है!

👉तीन महीने के बाद पता चलता है मैं अब गर्भवती हूं!

👉तब दाऊद को पता चलता है!

👉तो वो उसके पति को खतरनाक युद्ध में भेज देता है और वो मारा जाता है!


*सूने*:-

👉तब दाऊद सोचता है सब ठीक हो गया!


👉अब बिल्कुल आराम से जीओ !


*मतलब:-* पाप में जीओ!


*ध्यान दें*:-


✍️सुअर की जिंदगी जीओ!

👉किचड़ की जिंदगी जीओ!


*सूने*:-


*युसूफ भेड़ बना!*

*दानिय्येल भेड़ बना*


*पर ये भेड़ नहीं बना!*


*सूने*:-


✍️और जो बच्चा उस औरत के पेट में था वो मर गया!

👉दाऊद को जब एहसास हुआ ,तब बहुत देर हो चुकी थी!


👉एक प्रभु के दास को भेजा गया!


👉दाऊद को लगा मेरे पाप को कोई नहीं जान पाएगा!


*सूने*:-


✍️परमेश्वर ने कहा तु गाना बहुत अच्छा गाता है!

👉लेकिन तु पाप में जी रहा है!


✍️तुम तलवार बहुत अच्छा चला रहा है!

👉लेकिन तु पाप में जी रहा है!


✍️सब कुछ अच्छा कर रहा है!

👉लेकिन तु पाप में जी रहा है!


👉राजा तु दूनिया की नजर में अभी भी तु राजा है!

👉तुम राजा होगा अपने शहर में!


👉पर ऊपर बैठे राजाओं के राजा की नजर में तु छी है!


*मतलब :- गन्दा है!


✍️परमेश्वर ने जो ये करना चाहता था, परमेश्वर ने इसे करने नहीं दिया!


👉ये मंदिर बनाना चाहता था!

👉परमेश्वर ने कहा तु नहीं बनाएगा!

👉तेरा बेटा बनाएगा, सुलेमान राजा!


*सूने*:-


✍️ये character मैं क्यों रख रहा हूं ?


*Be careful*


✍️जब आज का प्रचार सून रहे हैं ,बहुत सावधान रही!


👉कियोकि लुशिफर कहेगा अरे यार जीवन है चलता है Enjoy करो!


*Be careful*


*इस पर और बात करेंगे.....


*God bless you*

Monday, 10 January 2022

सुसमाचार सूनाने के लिए Pastor

 आज का विषय

एक बार जरुर पढ़े


*क्या सुसमाचार सूनाने के लिए Pastor बनना जरूरी है*


*सीधा जबाव है* :-  नहीं


✍️ कुछ प्रचारक सिखाते हैं सुसमाचार सूनाना विसवासीयो का काम नहीं है!


*ध्यान से सूने*:-


✍️सुसमाचार सूनाने के लिए Pastor बनने की जरूरत नहीं है!


👉 *सुसमाचार सूनाने के Mike और स्टेज की जरूरत नहीं है!*


👉 *आप अपने काम पर* 


👉 *अपने नगर में* 


👉 *अपने पड़ोसी को*


👉 *यीशु के‌ बारे में बता सकते हैं*


*ध्यान से सूने*:-


✨ *यीशु ने क्या कहां!*


👉 *और राज्य का यह सुसमाचार सारे जगत में प्रचार किया जाएगा,* 

(मत्ती 24:14)


👉 *और राज्य का यह सुसमाचार सारे जगत में प्रचार किया जाएगा,* 


👉 कि सब जातियों पर गवाही हो, *तब अन्त आ जाएगा।*


👉 *इसका मतलब जब तक एक पूरा नहीं होगा* 


👉 *तब तक दूसरा पूरा नहीं होगा!*


👉 *कुछ लोग कहते अंत आ जाएगा!* 


👉पर उन मूर्खों को कौन समझाए, परमेश्वर का राज्य पहले होगा उसके बाद अंत आएगा! 


👉जब तक एक पूरा नहीं होगा, 👉तब तक दूसरा पूरा नहीं होगा!


👉इसका मतलब यीशु राज्य पहले उसके बाद अंत आएगा!


👉पहली सदी के प्रचारक ने बोला अंत आ रहा है!


👉दूसरी सदी ने बोला अंत आ रहा है!


👉तीसरी सदी ने बोला अंत आ रहा है!


👉ऐसे करते-करते 21वीं सदी बीत गई, यीशु नहीं आया!


👉क्योंकि उसका राज्य स्थापित होना बाकी है!


👉 *लेकिन जिस दिन सब जातियों पर गवाही हो जाएगी उस दिन अंत यीशु जरुर लाएगा!*


👉 *और उसी समय से* इसकी प्रतीक्षा कर रहा है, कि उसके बैरी उसके पाँवों के नीचे की पीढ़ी बनें। 

(इब्रानियों 10:13)


✍️ *और उसी समय से!*


👉कौन से समय से, *यीशु ने क्रूस पर कहा पूरा हुआ!*


👉कब से, *जिस दिन यीशु मुर्दों में से जी उठा!*


👉कब से, *जब यीशु ने कहा स्वर्ग और पृथ्वी का सारा अधिकार मुझे दिया गया!*


👉 *और उसी समय से* इसकी प्रतीक्षा कर रहा है, कि उसके बैरी उसके पाँवों के नीचे की पीढ़ी बनें। 


✍️कि उसके बैरी उसके पांवो की पीढ़ी बनें!


👉 *किसके पांवों? यीशु के पांवों*


👉 *यीशु का पांवों कौन‌ हैं? आप और मैं*


👉 *लिखा है, उसका पांवों*  


👉 *उसका पांवों उसकी कलिसिया है!*


👉 *यीशु अगर किलिसिया का सिर है, तो हम उसके धड़ है!*(यीशु head है तो हम उसकी body है)


👉 *शान्ति का परमेश्वर शैतान को तुम्हारे पाँवों के नीचे शीघ्र कुचल देगा।*

हमारे प्रभु यीशु मसीह का अनुग्रह तुम पर होता रहे।  

(रोमियों 16:20)


✍️तो किस के पांवों के नीचे आने का wait हो रहा है!

 

👉 *शान्ति का परमेश्वर शैतान को तुम्हारे पाँवों के नीचे शीघ्र कुचल देगा।*


👇 *लेकिन जब तक यह नहीं!*


👉 *और राज्य का यह सुसमाचार सारे जगत में प्रचार किया जाएगा,* कि सब जातियों पर गवाही हो, तब अन्त आ जाएगा।

(मत्ती 24:14)


✍️ *Antichrist को कोई रोक रहा है!*


👉और अब तुम उस वस्तु को जानते हो, जो उसे रोक रही है, कि वह अपने ही समय में प्रगट हो।

(2 थिस्सलुनीकियों 2:6)


👉 *कौन रोक रहा है?* 


👉सुसमाचार है, जो उसको रोक रहा है!


👉 *पवित्र आत्मा का मिश्रण उसे रोक रहा है!*


👉 *जिस दिन सुसमाचार का पूरा होगा, शैतान हमारे पांवों के नीचे होगा!*


*ध्यान से सूने*:-


👉 *और राज्य का यह सुसमाचार सारे जगत में प्रचार किया जाएगा,* कि सब जातियों पर गवाही हो, तब अन्त आ जाएगा।

(मत्ती 24:14)


👉इसलिए शैतान नहीं चाहता कोई भाई, बहन सुसमाचार सूनाएं!


👉विश्वासीयो के मन के ये डाल रखा है, यह काम तो pastor का है, विश्वासीयो का नही!


👉मैं फिर कहता हूं,


👉 *सुसमाचार सूनाने के लिए Pastor बनने की जरूरत नहीं है!*


👉 *सुसमाचार सूनाने के Mike और स्टेज की जरूरत नहीं है!*


👉 *आप अपने काम पर* 


👉 *अपने नगर में* 


👉 *अपने पड़ोसी को*


👉 *यीशु के‌ बारे में बता सकते हैं*


*God bless you*

Sunday, 9 January 2022

कलिसिया किस का प्रचार करती थी?

 आज का विषय

एक बार जरुर पढ़े


*पहली सदी के प्रचारक किस का प्रचार करते थे?*

                 *या*

*पहली सदी की कलिसिया किस का प्रचार करती थी?*


✍️ *जवाब है*:-


👉 *King का और kandam का*

(यीशु का, और राज्य का)


👉पतरस, स्तिफनुस फिलिप्स,पौलुस,तीमुथियुस और  उस के बाद जितने भी disciple   


👉 *किस का प्रचार करते थे?*


👉 *यीशु का और राज्य का*


👉इन सभी को पता था हम को पृथ्वी पर किस का प्रचार करना है!


👉 *यीशु और उसका राज्य का!*


👉यीशु कौन है? , दुल्हा और उसका राज्य क्या है, उसकी दुल्हन है!


👉यीशु कौन है?, चरवाहा और उसका राज्य क्या है, उसकी भेड़


👉 यीशु कौन है?,सिर उसका राज्य कौन है, उसका देह


*ध्यान से सूने*:-


✍️ *पहली सदी की कलिसिया इन दोनो का प्रचार करती थी!*


👉आप कहेंगे pastor जी कैसे बोल सकते?


(कुछ वचन रख रहा हूं)


✨फिलिप्पुस:-


👉परन्तु जब उन्होंने फिलिप्पुस का विश्वास किया *जो परमेश्वर के राज्य और यीशु मसीह के नाम का सुसमाचार सुनाता था* तो लोग, क्या पुरुष, क्या स्त्री बपतिस्मा लेने लगे।

(प्रेरितों के काम 8:12)


✍️ यीशु ने कहा था!


👉जब पवित्र आत्मा तुम पर आएगा तब तुम सामर्थ्य पाओगे; *और यरूशलेम और सारे यहूदिया और सामरिया में, और पृथ्वी की छोर तक मेरे गवाह होंगे।*


✍️ *फिलिप्पुस की प्रतीति की*


👉फिलिप्पुस पहोंचा सामरिया में!


👉 *किस का प्रचार कर रहा है?*


👉 *परमेश्वर के राज्य का और यीशु के नाम का* 


👉और जो परमेश्वर के राज्य का और यीशु के नाम का सुसमाचार सुनाता था!


👉तो लोग, क्या पुरुष, क्या स्त्री बपतिस्मा लेने लगे।


*ध्यान से सूने*:-


✍️परमेश्वर का राज्य और यीशु के नाम का प्रचार!


👉 *ये होती इन के Topic* 


👉ये होती थी यीशु की Topic


👉ये होती थी पतरस की Topic


👉ये होती थी पौलुस की Topic


👉ये होती थी फलिप्पुस की Topic


👉 *तो एक प्रचारक को 24 वीं सदी में किस-किस का प्रचार करना है?*


👉परमेश्वर के राज्य का और यीशु के नाम का


👉 *यीशु का प्रचार क्यों करना है?* 


👉क्योंकि उसका राज्य आने वाला है!


👉यीशु के राज्य का राजा कौन है?

👉 *यीशु है*


👉यही तो किया था, पतरस ने


👉यही तो किया था, पौलुस ने


👉यही तो किया था, पहली सदी ने 


👉 *और हम को भी तो यही करना है!*


👉 *परमेश्वर के राज्य का और यीशु के नाम का, ये दोनो साथ साथ चलेंगे!*


✨ *पौलुस ने क्या किया आईए देखते हैं?*


👉 *और जो उसके पास आते थे, उन सबसे मिलता रहा और बिना रोक-टोक बहुत निडर होकर* 

*परमेश्वर के राज्य का प्रचार करता और प्रभु यीशु मसीह की बातें सिखाता रहा।*

(प्रेरितों के काम 28:31)


✍️पौलुस किसी के रोक-टोक से नहीं डरता था, पौलुस किसी की धमकी से नहीं डरता था!


👉वो चाहे महाजाजक हो!

👉वो चाहे उस समय का कोई राजा हो!


👉वो नहीं डरता था!


👉 *लिखा है बिना रोक-टोक*


👉 *परमेश्वर के राज्य का प्रचार करता और प्रभु यीशु मसीह की बातें सिखाता रहा।*


👉यहां पर भी दो बातें हैं!


✨ *अब यीशु की बात सूनो यीशु ने क्या कहां!*


👉 *और राज्य का यह सुसमाचार सारे जगत में प्रचार किया जाएगा,* 

(मत्ती 24:14)


✍️यीशु देख लिया था, हमको कहा राज्य का सुसमाचार सारे जगत में होगा!


👉 क्योंकि पतरस भारत नहीं आया था,थोमा भारत आया था,पर गुजरात नहीं पहोंचा, पंजाब नहीं पहोंचा!


👉चेले बाकी दूनिया के कोने में नहीं पहोंचे, लेकिन आप और मैं पहोंच रहे हैं!


👉 *और राज्य का यह सुसमाचार सारे जगत में प्रचार किया जाएगा,* 


👉 कि सब जातियों पर गवाही हो, *तब अन्त आ जाएगा।*


👉 *इसका मतलब जब तक एक पूरा नहीं होगा, तब तक दूसरा पूरा नहीं होगा!*


👉कुछ लोग कहते अंत आ जाएगा, पर उन मूर्खों को कौन समझाए, परमेश्वर का राज्य पहले होगा उसके बाद अंत आएगा! 


👉जब तक एक पूरा नहीं होगा, तब तक दूसरा पूरा नहीं होगा!


👉इसका मतलब यीशु राज्य पहले उसके बाद अंत आएगा!


👉पहली सदी के प्रचारक ने बोला अंत आ रहा है!


👉दूसरी सदी ने बोला अंत आ रहा है!


👉तीसरी सदी ने बोला अंत आ रहा है!


👉ऐसे करते-करते 21वीं सदी बीत गई, यीशु नहीं आया!


👉क्योंकि उसका राज्य स्थापित होना बाकी है!


👉 *लेकिन जिस दिन सब जातियों पर गवाही हो जाएगी उस दिन अंत यीशु जरुर लाएगा!*


👉 *और उसी समय से* इसकी प्रतीक्षा कर रहा है, कि उसके बैरी उसके पाँवों के नीचे की पीढ़ी बनें। 

(इब्रानियों 10:13)


✍️और उसी समय से!


👉कौन से समय से, यीशु ने क्रूस पर कहा पूरा हुआ!


👉कब से, जिस दिन यीशु मुर्दों में से जी उठा!


👉कब से, जब यीशु ने कहा स्वर्ग और पृथ्वी का सारा अधिकार मुझे दिया गया!


👉 *और उसी समय से* इसकी प्रतीक्षा कर रहा है, कि उसके बैरी उसके पाँवों के नीचे की पीढ़ी बनें। 


✍️कि उसके बैरी उसके पांवो की पीढ़ी बनें!


👉 *किसके पांवों? यीशु के पांवों*


👉 *यीशु का पांवों कौन‌ हैं? आप और मैं*


👉 *लिखा है, उसका पांवों  उसका पांवों उसकी कलिसिया है!*


👉 *यीशु अगर किलिसिया का सिर है, तो हम उसके धड़ है!*(यीशु head है तो हम उसकी body है)


👉 *शान्ति का परमेश्वर शैतान को तुम्हारे पाँवों के नीचे शीघ्र कुचल देगा।*

हमारे प्रभु यीशु मसीह का अनुग्रह तुम पर होता रहे।  

(रोमियों 16:20)


✍️तो किस के पांवों के नीचे आने का wait हो रहा है!

 

👉 *शान्ति का परमेश्वर शैतान को तुम्हारे पाँवों के नीचे शीघ्र कुचल देगा।*


👉लेकिन जब तक यह नहीं!


👉 *और राज्य का यह सुसमाचार सारे जगत में प्रचार किया जाएगा,* कि सब जातियों पर गवाही हो, तब अन्त आ जाएगा।

(मत्ती 24:14)


✍️ *Antichrist को कोई रोक रहा है!*


👉और अब तुम उस वस्तु को जानते हो, जो उसे रोक रही है, कि वह अपने ही समय में प्रगट हो।

(2 थिस्सलुनीकियों 2:6)


✍️ कौन रोक रहा है? यह सुसमाचार उस को रोक रहा है!

पवित्र आत्मा का मिश्रण उसे रोक रहा है!


👉जिस दिन सुसमाचार का पूरा होगा शैतान हमारे पांवों के नीचे होगा!


*God bless you*

Thursday, 6 January 2022

आत्मा को पहले मांगना पडता था

 आज का विषय

एक बार जरुर पढ़े


*पवित्र आत्मा को पहले मांगना पड़ता था*, 

*फिर हाथ रखा जाता था* 

*और अंत में वो खुद उतरा लोगों पर*

 

👉 *तो तुम्हारा स्वर्गीय पिता अपने माँगनेवालों को पवित्र आत्मा क्यों न देगा।”*

(लूका 11:13)


✍️इस वचन पर बात करेंगे!


*सूने*:-


प्रश्न: *एक व्यक्ति दास दासी ,लड़का लड़की ,पुरुष स्त्री कहता है ,प्रभु मुझे पवित्र आत्मा चाहिए,परमेश्वर देगा या नहीं देगा ?*


✍️सीधी बात: परमेश्वर देगा!


दूसरा प्रश्न : *कितनी बार मांगना है उसको ?*


 ✍️*एक बार मांगा दे दिया, क्या दूसरे दिन मांगना है  उसको ?*


👉नही मांगना है!


*सूने*:-


✍️इसका मतलब आपने मांगा परमेश्वर ने दे दिया!


👉 *और परमेश्वर ने हम सब के लिए किस दिन दे दिया ?*


 👉 *जब पिन्तेकुस्त का दिन आया उस दिन दे दिया!*


👉 *तो अब मांगने का system खत्म!*


*सूने*:-


✍️जब चेलों से कह रहा था ,यीशु तुम मांगों!


👉*तो तुम्हारा स्वर्गीय पिता अपने माँगनेवालों को पवित्र आत्मा क्यों न देगा।”*

(लूका 11:13)


✍️तुम प्रतीक्षा करो!


👉और जिसकी प्रतिज्ञा मेरे पिता ने की है, मैं उसको तुम पर उतारूँगा और जब तक स्वर्ग से सामर्थ्य न पाओ, तब तक तुम इसी नगर में ठहरे रहो।” 

(लूका 24:49)


👉परन्तु जब पवित्र आत्मा तुम पर आएगा तब तुम सामर्थ्य पाओगे; और यरूशलेम और सारे यहूदिया और सामरिया में, और पृथ्वी की छोर तक मेरे गवाह होंगे।”

(प्रेरितों के काम 1:8)


*सूने*:-


✍️ *तो यह सिलसिला खत्म हो चूका है!*


👉मांगने का सिलसिला खत्म हो चुका है!


👉इंतजार का सिलसिला खत्म हो चूका है!


👉पिन्तेकुस्त के दिन पवित्र आत्मा आ चूका है!


*सूने*:-


✍️अब वापस (लूका 11:13) क्यों!


⭐ *एक और जबरदस्त connection देता हूं!*


👉जब प्रेरितों ने जो यरूशलेम में थे सुना कि सामरियों ने परमेश्वर का वचन मान लिया है तो पतरस और यूहन्ना को उनके पास भेजा। 


👉और उन्होंने जाकर उनके लिये प्रार्थना की ताकि पवित्र आत्मा पाएँ। क्योंकि पवित्र आत्मा अब तक उनमें से किसी पर न उतरा था, उन्होंने तो केवल प्रभु यीशु के नाम में बपतिस्मा लिया था। तब उन्होंने उन पर हाथ रखे और उन्होंने पवित्र आत्मा पाया।

(प्रेरितों के काम 8:14-17)


✍️क्योंकि प्रेरितों के काम 8 अध्याय में नहीं पता पवित्र आत्मा कैसे आता है!


👉उन को सिर्फ ये ही पता था ,पतरस को बुलाओ! 


👉पतरस हाथ रखेगा, तो सब को मिलेगा!


*ध्यान से सूने*:-


👉पतरस ये बातें कह ही रहा था कि पवित्र आत्मा वचन के सब सुननेवालों पर उतर आया।

(प्रेरितों के काम 10:44)


✍️तो इस को क्या समझे!

👉इस को ये समझेगे! 


*ध्यान दें*


✍️जब तक ये नहीं पता था पवित्र आत्मा कैसे आएगा!


👉तो पतरस और यहुन्ना को बुला,बुला कहते थे!


👉प्रार्थना करो आएगा!

👉प्रार्थना करो आएगा!


👉और आता था!


*ध्यान दें*


✍️तो जब पवित्र आत्मा ने देखा इनका direction change (दिशा परिवर्तन) हो रहा है!


👉इन की doctrine अलग बन रही ये पतरस को ही बुला रहे हैं!


👉तो पवित्र आत्मा ने कहा मैं क्या करता हूं, ‌मै खुद उतर जाऊंगा!


👉यहां पर लिखा है पवित्र आत्मा किसी के हाथ ना रखने पर भी उतर गया!


*इस का क्या मतलब है:-


👉इसी घटना को जो हुआ था पतरस repeat (दोहराता) करता है!


👉जब मैं बातें करने लगा, तो पवित्र आत्मा उन पर उसी रीति से उतरा, जिस रीति से आरम्भ में हम पर उतरा था।

(प्रेरितों के काम 11:15)


✍️पतरस कहता है मैं तो ताज्जुब हो गया!


👉मैं तो समझता था, जैसा हम पर पवित्र आत्मा आया ,वैसा किसी पर नहीं आयेगा!


👉लेकिन जब मैं कुरनेलियुस के घर पे था, तो पता चला जैसे हम पर पवित्र आत्मा उतरा वैसे ही कुरनेलियुस के पूरे लोगों पर उतरा!


👉वो Shock (चकित)हो गया!


*सुनें*:-


✍️और जितने सून रहे, अगर ऐसा किसी ने अपना-अपना रखा doctrine (सिद्धांत) बना के रखा है!


👉के जब तक पतरस हाथ नहीं रखता था, पवित्र आत्मा नहीं मिलता था!


👉तो ये concept (विचार) गलत है!


*सूने*:-

 

✍️प्रेरितों के काम 10 अध्याय concept change हो गया!


👉अब पवित्र आत्मा खुद उतर रहा है!


👉इस का जिक्र आगे जा के देखते हैं!


👉 *क्या तुम नहीं जानते*, कि तुम परमेश्वर का मन्दिर हो, और परमेश्वर का आत्मा तुम में वास करता है?

(1 कुरिन्थियों 3:16)


✍️"इसका मतलब क्या है"

👉वो नहीं जानते थे!


✍️पवित्र आत्मा तो आपके अन्दर है!


👉 *जो विश्वास करे* और बपतिस्मा ले उसी का उद्धार होगा, परन्तु जो विश्वास न करेगा वह दोषी ठहराया जाएगा। 


✍️उस की ये निशानी है!


👉और विश्वास करनेवालों में ये चिन्ह होंगे कि वे मेरे नाम से दुष्टात्माओं को निकालेंगे; नई-नई भाषा बोलेंगे;

(मरकुस 16:16-17)


✍️वो चमत्कार कर रहा है ,दुष्ट आत्मा निकल रहा है!


"इसे भी देखें"


👉और न कोई पवित्र आत्मा के बिना कह सकता है कि यीशु प्रभु है।

(1 कुरिन्थिया 12:3)


✍️ तो मुझे यीशु को प्रभु कहना है तो क्या चाहिए ?

👉पवित्र आत्मा!


*सूने*:-


✍️तो पवित्र आत्मा कहता है! 


👉जब तक तुम यीशु को प्रभु नहीं कहेगा तेरा उद्धार नहीं होगा!


👉कितनी अद्भुत बात है!


👉पाप के विषय में इसलिए कि वे मुझ पर विश्वास नहीं करते;

(यूहन्ना 16:9)


✍️मुझे lead किसने किया यीशु की तरफ ?

👉पवित्र आत्मा ने!


✍️मैं पापी हू किस ने बताया ?

👉पवित्र आत्मा ने!


✍️मुझे अन्दर से किसने तोड़ा ?

👉पवित्र आत्मा ने!


✍️यीशु को स्वीकार करो किस ने कहा ?

👉पवित्र आत्मा ने!

✍️उद्धार तो दूर की बात!

👉आप पापी किस ने एहसास करवाया!

 

*पवित्र आत्मा ने!*


*God bless you*

Tuesday, 4 January 2022

दसमांश लेने वाले

 आज का विषय

एक बार जरुर पढ़े


*दसमांश लेने वाले और देने वाले दो चीजों पर ज्यादा जोर देते!*

*दोगे तो आशीष नहीं दोगे तो श्राप है*


✍️आज का विषय बहुत गम्भीर और ध्यान से समझने और सिखाने वाला भी है !


"इस वचन देखे"


👉अपने आपको परमेश्वर का ग्रहणयोग्य और ऐसा काम करनेवाला ठहराने का प्रयत्न कर, जो लज्जित होने न पाए, *और जो सत्य के वचन को ठीक रीति से काम में लाता हो*।

(2 तीमुथियुस 2:15)


👉 सम्पूर्ण पवित्रशास्त्र परमेश्वर की प्रेरणा से रचा गया है और उपदेश, और समझाने, और सुधारने, और धार्मिकता की शिक्षा के लिये लाभदायक है,

(2 तीमुथियुस 3:16)


*सूने*:-


✍️कुछ pastor ,कुछ मिशन कुछ बातों पर ज्यादा जोर देते हैं!


👉 pastor या मिशन ऊपर नहीं है!


👉बाईबल ऊपर है!


*सूने*:-


👉 उसने उससे कहा, “व्यवस्था में क्या लिखा है? *तू कैसे पढ़ता है?”*

(लूका 10:26)


✍️तु कैसे पड़ता है!


*सूने*:-


👉 और उससे कहा, “मैं यह सब अधिकार, और इनका वैभव तुझे दूँगा, क्योंकि वह मुझे सौंपा गया है, और जिसे चाहता हूँ, उसे दे सकता हूँ। इसलिए, यदि तू मुझे प्रणाम करे, तो यह सब तेरा हो जाएगा।” 


👉यीशु ने उसे उत्तर दिया, “लिखा है: ‘तू प्रभु अपने परमेश्वर को प्रणाम कर; और केवल उसी की उपासना कर।’” 


👉तब उसने उसे यरूशलेम में ले जाकर मन्दिर के कंगूरे पर खड़ा किया, और उससे कहा, “यदि तू परमेश्वर का पुत्र है, तो अपने आपको यहाँ से नीचे गिरा दे। क्योंकि लिखा है, ‘वह तेरे विषय में अपने स्वर्गदूतों को आज्ञा देगा, कि वे तेरी रक्षा करें’

(लूका 4:6-10)


👉 और ‘वे तुझे हाथों हाथ उठा लेंगे ऐसा न हो कि तेरे पाँव में पत्थर से ठेस लगे।""

यीशु ने उसको उत्तर दिया, “यह भी कहा गया है: ‘तू प्रभु अपने परमेश्वर की परीक्षा न करना।’” 

(लूका 4:11-12)


✍️ *आज भी कुछ कहते हैं लिखा है!*


⭐उदाहरण:-


✍️पौलुश और तीमुथियुस :-


👉भविष्य में केवल जल ही का पीनेवाला न रह, पर *अपने पेट के और अपने बार बार बीमार होने के कारण थोड़ा-थोड़ा दाखरस भी काम मे लाया कर।*

(1तीमुथियुस 5:23)


✍️ कुछ कहते शराब पीनी चाहिए!


*सूने*:- 


✍️बाईबल को ध्यान से पढ़ना चाहिए!


👉हमें बाईबल की जानकारी उत्पत्ति से प्रकाशितवाक्य तक होनी चाहिए!


👉कुछ कहते लिखा है!


👉ठीक है पर ये भी देखना है कियू लिखा है !


✍️ यीशु ने कहा है ...


👉 इसलिए जो कोई इन छोटी से छोटी आज्ञाओं में से किसी एक को तोड़े, और वैसा ही लोगों को सिखाए, वह स्वर्ग के राज्य में सबसे छोटा कहलाएगा; परन्तु जो कोई उनका पालन करेगा और उन्हें सिखाएगा, वही स्वर्ग के राज्य में महान कहलाएगा।

(मत्ती 5:19)


👉 मैं हर एक को, जो इस पुस्तक की भविष्यद्वाणी की बातें सुनता है, गवाही देता हूँ: यदि कोई मनुष्य इन बातों में कुछ बढ़ाए तो परमेश्वर उन विपत्तियों को जो इस पुस्तक में लिखी हैं, उस पर बढ़ाएगा। और यदि कोई इस भविष्यद्वाणी की पुस्तक की बातों में से कुछ निकाल डाले, तो परमेश्वर उस जीवन के पेड़ और पवित्र नगर में से, जिसका वर्णन इस पुस्तक में है, उसका भाग निकाल देगा।

(प्रकाशितवाक्य 22:18-19)


✍️ *इसलिए हम प्रचारकों को सावधान रहना होगा!*


👉सही सिखाया तो बच गए गलत सिखाया तो फंस गए!


👉हे मेरे भाइयों, तुम में से बहुत उपदेशक न बनें, क्योंकि तुम जानते हो, कि हम उपदेशकों का और भी सख्‍ती से न्याय किया जाएगा। 

(याकूब 3:1-2)


✍️ प्रचारक सब से ज्यादा दोषी ठहरेंगे!


👉कियोकि हम कोई बातों को ठीक से सिखाते नही!


*सूने*:-


✍️ *हमें (विश्वासी को ) वचन को जांचना और परखना है!*


👉भविष्यद्वक्ताओं में से दो या तीन बोलें, *और शेष लोग उनके वचन को परखें*।

(1 कुरिन्थियों 14:29)


✍️ बहुत सारे लोग गड़बड़ी करते हैं मेरा favourite Pastor है! 


👉ये गलती नहीं कर सकता!

....................................


✍️ *अब यहां बात करेंगे "दसवंश" की*....


 *" दसवंश " लेने वाले और देने वाले ज्यादा जोर देते हैं दोगे तो आशीष नहीं दोगे तो श्राप!*


👉 सारे दशमांश भण्डार में ले आओ कि मेरे भवन में भोजनवस्तु रहे; और सेनाओं का यहोवा यह कहता है, कि ऐसा करके मुझे परखो कि मैं आकाश के झरोखे तुम्हारे लिये खोलकर तुम्हारे ऊपर अपरम्पार आशीष की वर्षा करता हूँ कि नहीं।

(मलाकी 3:10)


✍️ *ये वचन किस के लिए बोला गया है!*


👉मलाकी के द्वारा *इस्राएल के लिए कहा* हुआ यहोवा का भारी वचन।

(मलाकी 1:1)

✍️ *इस्राएल के लिए कहा गया!*


*सूने*:-


✍️ *मिदयानी लोग आ कर नाश कर जाते थे!*


👉मैं तुम्हारे लिये नाश करनेवाले को ऐसा घुड़कूँगा कि वह तुम्हारी भूमि की उपज नाश न करेगा, और तुम्हारी दाखलताओं के फल कच्चे न गिरेंगे, सेनाओं के यहोवा का यही वचन है।

(मलाकी 3:11)

✍️ इस्राएल को बोला गया है!


*सूना*:- 


⭐ *उदाहरण*:- 


✍️यहुदा तु कर जो करना चाहता है!


👉यहुदा को ही बोला गया!


⭐ *उदाहरण*:- 


✍️तु जाल डाल !


👉पतरस को ही बोला गया!


⭐ *उदाहरण*:- 


✍️जक्कई पेड़ से निचे आ!


👉जक्कई को ही बोला गया!

बाकी आप समझदार है...


*वचन लेते वक्त में  इस बात का ध्यान रखें*


👉 अपने आपको परमेश्वर का ग्रहणयोग्य और ऐसा काम करनेवाला ठहराने का प्रयत्न कर, जो लज्जित होने न पाए, *और जो सत्य के वचन को ठीक रीति से काम में लाता हो।*

((2 तीमुथियुस 2:15)


✍️ *हमें सही तरह से वचन का इस्तेमाल करना आना चाहिए!*


*सूने*:-


*दसवांश*:- 


✍️ *ये मलाकी वचन हमारे लिए है ही नहीं!*


⭐ *उदाहरण*:-


✍️ हम परमेश्वर को लाल समुद्र पर खड़े हो कर अभी नहीं बोल सकते दो टुकड़े करीऐ!


⭐ *उदाहरण*:-


✍️अभी मंन्ना नहीं मिलेगा ,वो एक हमें के लिए था !


⭐ *उदाहरण*:-


✍️चट्टान से पानी नहीं निकलेगा  लाठी मारेंगे तो!


⭐ *उदाहरण*:-   


✍️ एलिय्याह और कौवे!


👉अभी वापस ये नहीं होगा ,हम ये नहीं बोल सकते!


*सूने*:-


👉 और हमें उसके सामने जो साहस होता है, वह यह है; कि यदि हम उसकी इच्छा के अनुसार कुछ माँगते हैं, तो हमारी सुनता है। (1 यूहन्ना 5:14)


✍️ हम कहते हैं सब ले लो!

हम कहते हैं दसवांश के बारे में लिखा


*सूने*:-


✍️ *दस आज्ञा में दसमांश है नही!*

👉 *तो इतना जोर क्यों!*


"ध्यान दें"


✍️ *मलाकी में दसमांश पैसा  है ही नही!*


👉 तुम मेरी वेदी पर अशुद्ध भोजन चढ़ाते हो। तो भी तुम पूछते हो, ‘हम किस बात में तुझे अशुद्ध ठहराते हैं?’ इस बात में भी, कि तुम कहते हो, ‘यहोवा की मेज तुच्छ है।’ जब तुम अंधे पशु को बलि करने के लिये समीप ले आते हो तो क्या यह बुरा नहीं? और जब तुम लँगड़े या रोगी पशु को ले आते हो, तो क्या यह बुरा नहीं? अपने हाकिम के पास ऐसी भेंट ले आओ; क्या वह तुम से प्रसन्न होगा या तुम पर अनुग्रह करेगा? सेनाओं के यहोवा का यही वचन है।

(मलाकी 1:7-8)


✍️ *वो पैसा नहीं चढ़ाते थे!*


👉सारे दशमांश भण्डार में ले आओ कि मेरे भवन में भोजनवस्तु रहे; और सेनाओं का यहोवा यह कहता है, कि ऐसा करके मुझे परखो कि मैं आकाश के झरोखे तुम्हारे लिये खोलकर तुम्हारे ऊपर अपरम्पार आशीष की वर्षा करता हूँ कि नहीं।

(मलाकी 3:10)


✍️ *यहां खाने की बात हो रही है!*


*सूने*:-


✍️ *दसवांश लेते हैं तो फिर खतना भी कराएं!* 


👉 *पर्व भी मनाओ बली भी चढाओ आदी आदी*....

बातें भी मानिऐ!*


👉तो क्या हुआ? क्या हम इसलिए पाप करें कि हम व्यवस्था के अधीन नहीं वरन् अनुग्रह के अधीन हैं? कदापि नहीं!

(रोमियों 6:15)


✍️ हमें व्यवस्था का एक भी काम पूरा नहीं करना है!


👉दसमांश व्यवस्था में आता है!


👉 तो हे मेरे भाइयों, तुम भी मसीह की देह के द्वारा व्यवस्था के लिये मरे हुए बन गए, कि उस दूसरे के हो जाओ, जो मरे हुओं में से जी उठा: ताकि हम परमेश्वर के लिये फल लाएँ। क्योंकि जब हम शारीरिक थे, तो पापों की अभिलाषाएँ जो व्यवस्था के द्वारा थीं, मृत्यु का फल उत्पन्न करने के लिये हमारे अंगों में काम करती थीं। परन्तु जिसके बन्धन में हम थे उसके लिये मरकर, *अब व्यवस्था से ऐसे छूट गए, कि लेख की पुरानी रीति पर नहीं, वरन् आत्मा की नई रीति पर सेवा करते हैं।*

(रोमियों 7:4-6)


👉 *मैं तो व्यवस्था के द्वारा व्यवस्था के लिये मर गया, कि परमेश्वर के लिये जीऊँ।*

(गलातियों 2:19)


👉 *अतः जितने लोग व्यवस्था के कामों पर भरोसा रखते हैं, वे सब श्राप के अधीन हैं,* क्योंकि लिखा है, “जो कोई व्यवस्था की पुस्तक में लिखी हुई सब बातों के करने में स्थिर नहीं रहता, वह श्रापित है।” 

(गलातियों 3:10)


✍️ *जब आप व्यवस्था का एक भी काम पूरा करते हो,आप श्राप के अधीन आ जाते हो!*


✍️ *आपने सूना दसमांश पैसा नहीं होता था!*

(गिनती 18:21),(18:25-28)


👉 (मलाकी 3:10) :- 

👉 *फिर भी पशु लेकर आना चाहिए!*


*सूने*:-


✍️ *आज कलिसिया को (भेड़ों) लुटा जाए रहा है!*


👉 *आज फिर पैसे की बात होती है!*


✍️ *क्या आप इन्हे जानते हैं*:- 


👉 *गहेजी पैसो के लालच के वजह से कौढ हूआ!*


👉 *हन्ननीया सफीरा पैसों के लालच में जान चली गई!*


*सूने*:- 


✍️ *हम अनुग्रह में है*:-


👉 तो क्या हुआ? क्या हम इसलिए पाप करें कि हम व्यवस्था के अधीन नहीं वरन् अनुग्रह के अधीन हैं? कदापि नहीं!

(रोमियों 6:15)


✍️(रोमियो 7:4-6):- पहला पति (व्यवस्था) मर गया !


👉 *हम यीशु की दुल्हन है!*


*सूने*:- 

....................................


*क्या नये नियम में दसमांश के बारे में लिखा है ?*


✍️ नये नियम में दसमांश के बारे में तीन जगह लिखा है!

(मत्ती 23:23)

(लूका 18:12)-

(इब्रानियों 7:5-12)


👉 *आज के दसमांश से कोई  connection नहीं है!*


*सूने*:-


*क्या वाकई ही दसमांश देने आशीष आती है?*


✍️ *90 प्रतीशत चर्च के लोग गरीब हैं!*


👉 *अमीर कौन हो रहे हैं ?*


👉अगर हर महीने दसमांश दे रहे हैं! 

👉तो मलाकी 3:10,11का आशीष कहा है!


*सूने*:-


*तो कहीं तो गड़बड़ी है ?*


👉उसी प्रकार से मेरा वचन भी होगा जो मेरे मुख से निकलता है; वह व्यर्थ ठहरकर मेरे पास न लौटेगा, परन्तु, जो मेरी इच्छा है उसे वह पूरा करेगा, और जिस काम के लिये मैंने उसको भेजा है उसे वह सफल करेगा।

(यशायाह 55:11)


👉 आकाश और पृथ्वी टल जाएँगे, परन्तु मेरे शब्द कभी न टलेंगी।

(मत्ती 24:35)


*सूने*:-


👉 *मलाकी 3:10-11:-एक समय के लिए था!*


*सूने सूने सूने:-*


👉 *जैसे मंन्ना एक समय के लिए था!*


👉 *खतना एक समय के लिए था!*


👉 *सुलेमान का मंदिर एक समय के लिए था!*


👉 *अब परमेश्वर हाथों के बनाए मंदिर में नहीं रहता!*


👉 *सब बदल गया!*


*सूने*:-


✍️आज के प्रचारको के प्रचार!

आप हमारे  मैंबर बन जाओ! 


👉आपके सारे काम बन जायेंगे और जब पूरा नहीं होता लोग पीछे चले जाते हैं!


👉क्या हम मसीह बनते है अमीर बनने के लिए!


👉 *प्रचारक कहते:- यीशु निर्धन बना ताकतें हम धनी बन जाए!*


👉पवित्र आत्मा आप ही हमारी आत्मा के साथ गवाही देता है, कि हम परमेश्वर की सन्तान हैं। और यदि सन्तान हैं, *तो वारिस भी, वरन् परमेश्वर के वारिस और मसीह के संगी वारिस हैं, जब हम उसके साथ दुःख उठाए तो उसके साथ महिमा भी पाएँ।*

(रोमियों 8:16-17)


✍️ *यहां नहीं वहां मिलेगा!*


*सूने*:-


✍️ *हम परदेशी है!*


👉क्योंकि हम जानते हैं, कि जब हमारा पृथ्वी पर का डेरा सरीखा घर गिराया जाएगा तो हमें परमेश्वर की ओर से स्वर्ग पर एक ऐसा भवन मिलेगा, जो हाथों से बना हुआ घर नहीं परन्तु चिरस्थाई है।

(2 कुरिन्थियों 5:1)


👉पर हे परमेश्वर के जन, तू इन बातों से भाग; और धार्मिकता, भक्ति, विश्वास, प्रेम, धीरज, और नम्रता का पीछा कर।

(1 तीमुथियुस 6:11)


✍️ *परमेश्वर तह करेगा आपको क्या देना है!*


*ध्यान से सूने*:-


*अगर आपका परमेश्वर के साथ connection सही नहीं है?*


👉“जब तुम मेरा कहना नहीं मानते, तो क्यों मुझे ‘हे प्रभु, हे प्रभु,’ कहते हो? (मला. 1:6) 

(लूका 6:46)


*सूने*:-


✍️ *पौलुश सेवा और पैसे को लेकर क्या कहता है!*


👉(1 कुरान्थियो 9:1-15)


⭐ *उदाहरण*:- 


👉तंगी में आटा गिला!

मतलव:- वैसे ही प्रचार मुश्किल से हो रहा है!


👉इस पढ़े 

(1 कुरान्थियो 9:16-21):-


✍️ *उसका एक ही उद्देश्य था ,सेवा!*


👉 (1 कुरान्थियो 9:22-25):-


✍️ *उसके एक ही निशाना था परमेश्वर का राज्य बड़े!*


👉(1 कुरान्थियो 9:26,27)


✍️ *अपनी इच्छाओं को मारता हूं!*


*सूने*:-


👉और ऐसे दुःखों में भी जो अन्ताकिया और इकुनियुम और लुस्त्रा में मुझ पर पड़े थे। मैंने ऐसे उत्पीड़नों को सहा, और प्रभु ने मुझे उन सबसे छुड़ाया।  

पर जितने मसीह यीशु में भक्ति के साथ जीवन बिताना चाहते हैं वे सब सताए जाएँगे।

(2 तीमुथियुस 3:11-12)


👉 और उसका और उनका एक ही व्यापार था; इसलिए वह उनके साथ रहा, और वे काम करने लगे, और उनका व्यापार तम्बू बनाने का था।

(प्रेरितों के काम 18:3)


✍️ *मैं नौकरी भी और सेवा भी करता हूं!*


*सूने*:-


✍️ *अगर प्रभु ने आपको बुलाया है तो प्रभु ही आपको खिलाएगा भुखा नहीं रखेगा!*


👉तुम अपने परमेश्वर यहोवा की उपासना करना, तब वह तेरे अन्न जल पर आशीष देगा, और तेरे बीच में से रोग दूर करेगा।

(निर्गमन 23:25)


👉 यदि कोई मेरी सेवा करे, तो मेरे पीछे हो ले; और जहाँ मैं हूँ वहाँ मेरा सेवक भी होगा; यदि कोई मेरी सेवा करे, तो पिता उसका आदर करेगा।

(यूहन्ना 12:26)


👉“मेरा मन यहोवा के कारण मगन है; मेरा सींग यहोवा के कारण ऊँचा हुआ है।

(1 शमूएल 2:1)


✍️ *सब कुछ परमेश्वर देगा खाना,आदर,पर कब ?*


👉 *जब परमेश्वर ने आपको बुलाया है तो ?*


👉तुम तो तृप्त हो चुके; तुम धनी हो चुके, तुम ने हमारे बिना राज्य किया; परन्तु भला होता कि तुम राज्य करते कि हम भी तुम्हारे साथ राज्य करते। मेरी समझ में परमेश्वर ने हम प्रेरितों को सब के बाद उन लोगों के समान ठहराया है, जिनकी मृत्यु की आज्ञा हो चुकी हो; क्योंकि हम जगत और स्वर्गदूतों और मनुष्यों के लिये एक तमाशा ठहरे हैं। हम मसीह के लिये मूर्ख है; परन्तु तुम मसीह में बुद्धिमान हो; हम निर्बल हैं परन्तु तुम बलवान हो। तुम आदर पाते हो, परन्तु हम निरादर होते हैं। हम इस घड़ी तक भूखे प्यासे और नंगे हैं, और घूसे खाते हैं और मारे-मारे फिरते हैं;

(1 कुरिन्थियों 4:8-11)

 

✍️ *मसीह के लिए त्याग का जीवन कहा गया!*


👉ये असली सेवकाई है!


*ध्यान दें*


✍️ पर आज के प्रचारक क्या प्रचार कर रहे हैं,


👉 *कलिसिया को लग्जरी लाइफ की ओर ले जा रहे हैं!*


पढ़े:-(यहेजकल 22:25-28) 


*अंत में*


*हमें दसमांश देना है या नहीं देना है ?*


*जबाव*:- मलाकी 3:10 का डर से नहीं देना है!


👉जो सुसमाचार का काम नहीं कर रहा वहां नहीं देना है!


*सूने*:-


✍️जो सेवा का काम कर रहा है! 


👉 *10 (दसमांश) नहीं 20 वां नहीं 50 वां दीजिए!*


👉जो प्राचीन अच्छा प्रबन्ध करते हैं, विशेष करके वे जो वचन सुनाने और सिखाने में परिश्रम करते हैं, दो गुने आदर के योग्य समझे जाएँ।

(1 तीमुथियुस 5:17)


👉 जो वचन की शिक्षा पाता है, वह सब अच्छी वस्तुओं में सिखानेवाले को भागी करे।

(गलातियों 6:6)


✍️ *जो सेवा कर रहा है, गांव गांव जाकर!*


👉और जब तुम्हारे साथ था, और मुझे घटी हुई, तो मैंने किसी पर भार नहीं डाला, क्योंकि भाइयों ने, मकिदुनिया से आकर मेरी घटी को पूरी की: और मैंने हर बात में अपने आपको तुम पर भार बनने से रोका, और रोके रहूँगा।

(2 कुरिन्थियों 11:9)


👉क्योंकि मकिदुनिया और अखाया के लोगों को यह अच्छा लगा, कि यरूशलेम के पवित्र लोगों के कंगालों के लिये कुछ चन्दा करें।

(रोमियों 15:26)


✍️ *गरीब हैं पर फिर भी उन्होंने परमेश्वर के काम के लिए दीया!*


👉 *वहां की कलिसिया जानती थी कौन से pastor को देना है!*


👉और प्रेरित बड़ी सामर्थ्य से प्रभु यीशु के जी उठने की गवाही देते रहे और उन सब पर बड़ा अनुग्रह था। और उनमें कोई भी दरिद्र न था, क्योंकि जिनके पास भूमि या घर थे, वे उनको बेच-बेचकर, बिकी हुई वस्तुओं का दाम लाते, और उसे प्रेरितों के पाँवों पर रखते थे। और जैसी जिसे आवश्यकता होती थी, उसके अनुसार हर एक को बाँट दिया करते थे।

(प्रेरितों के काम 4:33-35)


*कैसे देना है*


👉परन्तु बात तो यह है, कि जो थोड़ा बोता है वह थोड़ा काटेगा भी; और जो बहुत बोता है, वह बहुत काटेगा।


👉 *हर एक जन जैसा मन में ठाने वैसा ही दान करे;* न कुढ़-कुढ़ के, और न दबाव से, क्योंकि परमेश्वर हर्ष से देनेवाले से प्रेम रखता है।

(2 कुरिन्थियों 9:6-7)


👉 परमेश्वर सब प्रकार का अनुग्रह तुम्हें बहुतायत से दे सकता है। जिससे हर बात में और हर समय, सब कुछ, जो तुम्हें आवश्यक हो, तुम्हारे पास रहे, और हर एक भले काम के लिये तुम्हारे पास बहुत कुछ हो।

(2 कुरिन्थियों 9:8)


*डर कर नहीं देना!*

*और डरा कर नहीं लेना है!*


*God bless you*

Sunday, 2 January 2022

दो तरह के लोग कलिसिया (चर्च) बदल

 आज का विषय

एक बार जरुर पढ़े


*आज दो तरह के लोग कलिसिया (चर्च) बदल रहे हैं* 


 ⭐ *एक है वो जिनको चर्च में मजा नहीं आ रहा है*!


⭐ *दूसरे जिनको चर्च में सही वचन नहीं मिल रहा है*!


⭐ *पहले वो है*:- 


👉उनके हिसाब से चर्च में चीजें होती नहीं दिख रही है, इसलिए चर्च बदलते हैं!


⭐ *दूसरे वो है*:-


👉वचन की सेवकाई ठीक से नहीं हो रही इसलिए चर्च बदलते है!


*ध्यान से सूने*:-


✍️ *आपका चर्च किस चीज पर टिका है?*


👉 *स्तुति आराधना*:- आराधना गलत नहीं पर घंटों नाचते रहते हैं!

👉जहां सब से जदा ईनी पर focus होता है!


👉 *चमत्कार*:- तेल ,पानी ,हाथ रखना, वीज़ा अमेरिका चले जाओगे आदी....


👉 *अच्छी बातें*:- आप जैसे भी हो प्रभु आपसे प्यार करता है,

आप दारु पीओ माफी मांगो चर्च आ जाओ!


👉 *Manoranjan*:- game, बाहर बंदगीया पर जाना , बाहर जाना (घूमना फिरना), ग़लत नहीं, पर सिर्फ ये ही focus हो गया!


✍️ *या फिर ऐसे लोग जो सिर्फ वचन पर आधारित चर्च चलाते है*


👉 *उनका focus*

👉 *वचन से सटेडी करना* 

👉 *संसार से कैसे बचना है* 

👉 *अपना क्रुस उठाना* 

👉 *सेवा करना है*


*ध्यान से सूने*:-


✍️ *आज पूरी दुनिया में दो तरह की कलिसीया है*


👉 *Manoranjan चर्च*:-

👉 *वचन पर आधारित चर्च*:-


👉 *आप कौन से चर्च में है?*


✍️ *पौलुश और तीमुथियुस की कलिसिया कैसी थी?*

 

👉 *कौन सा model था?*


👉 *कि तू वचन का प्रचार कर; समय और असमय तैयार रह, सब प्रकार की सहनशीलता, और शिक्षा के साथ उलाहना दे, और डाँट,* और समझा। क्योंकि ऐसा समय आएगा, कि लोग खरा उपदेश न सह सकेंगे पर कानों की खुजली के कारण अपनी अभिलाषाओं के अनुसार अपने लिये बहुत सारे उपदेशक बटोर लेंगे। और अपने कान सत्य से फेरकर कथा-कहानियों पर लगाएँगे।

(2 तीमुथियुस 4:2-4)


✍️ *लोग चर्च बदलेंगे, हमे निराश नहीं होना!*


👉 *हमें भीड़ नहीं चाहिए भेड़ चाहिए!*


*ध्यान दें*:-


👉 *नये जन्मे हुए बच्चों के समान निर्मल आत्मिक दूध की लालसा करो,* ताकि उसके द्वारा उद्धार पाने के लिये बढ़ते जाओ,

(1 पतरस 2:2)


✍️ नये जन्मे बच्चों का क्या करना है? 

👉वचन देना है?


👉तेल, पानी , Manoranjan नहीं!


👉 *और वे प्रेरितों से शिक्षा पाने, और संगति रखने में और रोटी तोड़ने में और प्रार्थना करने में लौलीन रहे।*

(प्रेरितों के काम 2:42)


✍️ उनका focus Manoranjan नहीं था!


👉 *ऐसे चर्च को ढुंढे*:-

👉 *ऐसो को सूने*:-


👉 *जो वचन की शिक्षा पाता है,* वह सब अच्छी वस्तुओं में सिखानेवाले को भागी करे।

(गलातियों 6:6)


👉 *जो प्राचीन अच्छा प्रबन्ध करते हैं, विशेष करके वे जो वचन सुनाने और सिखाने में परिश्रम करते हैं,* दो गुने आदर के योग्य समझे जाएँ।

(1 तीमुथियुस 5:17)


✍️ ऐसे चर्च को ढुढ्ढना है! 


👉ऐसे को सूनना है!


✍️ *एक सच्ची कलिसिया कौन सी है?* 


👉 *जो मसीह के आदेश को लेकर चलती है!*


*God bless you*